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2 साल में डांग विकास के लिए 21 करोड रूपये से अधिक दिए, अब कार्य जल्द पूर्ण करने पर जोर

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धौलपुर, 10 सितम्बर। डांग विकास बोर्ड के अध्यक्ष जवाहर सिंह बेढम ने सोमवार को कलेक्ट्रेट में सभी पंचायत समिति विकास अधिकारियों की बैठक लेकर बोर्ड द्वारा करवाये जा रहे विकास कार्योे की प्रगति की समीक्षा की।

चलू वित्तीय वर्ष में जिले में 16.53 करोड रूपये की लागत के 443 कार्य बोर्ड द्वारा स्वीकृत हैं। बसेडी में 105, बाडी में 88, सैंपऊ में 47, राजाखेडा में 118 और धौलपुर में 85 कार्य स्वीकृत हैं। गत वित्तीय वर्ष में 4.74 करोड रूपये लाग के 108 कार्य स्वीकृत हुए थे। इन सभी 551 कार्याें को जल्द पूर्ण करने व निर्माण कार्य में गुणवत्ता बनाये रखने के निर्देश दिए। उन्होंने डांग क्षेत्रा में सिलिकोसिस की जॉंच के लिए विशेष शिविर लगाने तथा सभी सरकारी योजनाओं का पंचायती राज जनप्रतिनिधियों के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए। बोर्ड द्वारा स्वीकृत कुछ कार्य स्थानीय विवाद के चलते शुरू नहीं हो पाये हैं। जिला कलेक्टर एन एम पहाडिया ने नियमानुसार कार्रवाई कर सभी कार्य जल्द पूर्ण करने के निर्देश दिए। बहादुर सिंह त्यागी ने विश्वास दिलाया कि नकटपुरा में स्थानीय विवाद का समाधान का प्रयास करने के लिए वह मंगलवार को वहॉं जाकर समझाइश करेंगे। बैठक में जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी शिवचरण मीणा, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी बलवन्त सिंह, सभी विकास अधिकारी, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

जिलेभर में प्रसव पूर्व जांच के साथ दिया पोषण का संदेश
धौलपुर, 10 सितम्बर। प्रधानमंत्राी सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत सोमवार को जिले की सभी सीएचसी, पीएचसी एवं स्वास्थ्य केन्द्रो पर गर्भवती एवं धात्राी महिलाओं की जांच कर उन्हे पौष्टिक आहार लेने की सलाह दी गई।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ0 गोपाल प्रसाद गोयल ने बताया कि सितम्बर माह को केन्द्र सरकार ने पोषण माह के रूप में मनाने का निर्णय किया है। इसी के तहत सोमवार को गर्भवती महिलाओं की जांच के साथ-साथ उन्हे पोषण का संदेश दिया गया। इस अवसर पर गर्भवती व धात्राी महिलाओं को स्तनपान का महत्व समझाते हुये कहा कि 6 माह तक शिशु के लिये केवल स्तनपान सर्वोत्तम आहार है तथा 6 माह बाद शिशु के संपूर्ण पोषण के लिये पूरक आहार भी देना चाहिए। इस अवसर पर किशोरियों में एनीमिया की समस्याओं को देखते हुये उन्हे संतुलित आहार लेने की सलाह दी गई।

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